9. ग्राम उद्योग एवं आजीविका
स्थानीय उत्पाद विकास
अचार, पापड़, मसाले, जैविक उत्पाद और हस्तशिल्प।
बाज़ार से जोड़ना
ब्रांडिंग, पैकेजिंग और विपणन सहयोग।
संस्थागत साझेदारी
तकनीकी सहयोग और क्षमता निर्माण, सरकारी योजनाओं के साथ समन्वय, समुदाय आधारित मॉडल का विस्तार।